Monday, April 12, 2021

54 साल के गोताखोर ने पानी में 24 मिनट 33 सेकेंड तक रोके रखी सांस, तोड़ा अपना ही वर्ल्ड रिकॉर्ड

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हाइलाइट्स:

  • क्रोएशिया के 54 साल के गोताखोर ने पानी के अंदर 24 मिनट 33 सेकेंड तक रोकी सांस
  • तीन साल पहले बनाए गए अपने ही रिकॉर्ड को गोताखोर ने तोड़ा
  • बीमार बेटी से मिली प्रेरणा, रिकॉर्ड को देखने जमा हुए हजारों लोग

जगरेब
क्रोएशिया के एक गोताखोर ने पानी के अंदर सबसे ज्यादा समय तक सांस रोकने का अपना ही पुराना रिकॉर्ड तोड़ दिया है। 54 साल के इस गोताखोर ने इस बार पानी के अंदर 24 मिनट 33 सेकेंड तक सांस को रोके रखा और गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में अपना नाम दोबारा दर्ज करवाया। इस गोताखोर का नाम बुदिमीर बुडा ओबोट है। जिसने क्रोएशिया के सिसक शहर के एक स्वीमिंग पुल में यह रिकॉर्ड कायम किया।

इस गोताखोर ने तोड़ा अपना ही रिकॉर्ड
बुदिमीर बुडा ओबोट ने तीन साल पहले 24 मिनट तक पानी में रहने का रिकॉर्ड बनाया था। लेकिन, इस बार उन्होंने 33 सेकेंड ज्यादा समय पानी के अंदर गुजारे। इससे पहले ब्रांको पेट्रोविक नाम के एक गोताखोर ने दुबई में 11 मिनट 54 सेकेंड तक पानी के अंदर सांस रोकने का रिकॉर्ड बनाया था। हालांकि, तब किसी भी स्वीमर को शुद्ध ऑक्सीजन लेने की इजाजत नहीं दी जाती थी। इस बार बुदिमीर बुडा ओबोट ने रिकॉर्ड बनाने से पहले लगभग 30 मिनट तक शुद्ध ऑक्सीजन को लिया था।

शुद्ध ऑक्सीजन लेकर बढ़ाई सांस रोकने की ताकत
रिपोर्ट के अनुसार, इस रिकॉर्ड को बनाने के दौरान डॉक्टर, पत्रकार और इस गोताखोर के समर्थकों का जमावड़ा लगा रहा। बताया जा रहा है कि इस रिकॉर्ड को कायम करने के ठीक पहले बुदिमीर बुडा ओबोट ने शुद्ध ऑक्सीजन को काफी देर तक ग्रहण किया। इससे उनके शरीर में ऑक्सीजन का स्तर बढ़ गया। पानी के अंदर सांस को रोकने के दौरान बॉडी में पहले से मौजूद इस ऑक्सीजन ने भी काम किया।

बीमार बेटी से मिली रिकॉर्ड बनाने की प्रेरणा
पेशेवर गोताखोरी करने वाले बुदिमीर बुडा ओबोट ने रिकॉर्ड बनाने के बाद बताया कि उनकी बड़ी बेटी 20 साल की है, जिसका नाम सासा है। वह सेरेब्रल पाल्सी, ऑटिज्म और मिर्गी जैसे बीमारियों से पीड़ित है। उसी के कारण इस गोताखोर को रिकॉर्ड तोड़ने की प्रेरणा मिली। इस कार्यक्रम के जरिए ओबोट ने भूकंप से तबाह हुए उस क्षेत्र के विकास और पीड़ित बच्चों के लिए फंड को भी इकट्ठा किया है।

भूकंप से टूटे घरों का करेंगे निर्माण
उन्होंने बताया कि कार्यक्रम के दौरान मिले हुए पैसे से वे सिसक-मोसलाविना काउंटी के विकलांग व्यक्तियों के लिए मिरेकल्स ऑफ द परसंस विद डिसबेलिटिज के लिए घर का निर्माण भी करेंगे। इन लोगों का घर भी भूकंप के कारण तबाह हो गया था।



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