Wednesday, August 4, 2021

Tokyo Olympic: प्रेशर, वो क्या होता है सर? 130 करोड़ भारतीयों की उम्मीदें मगर बेफिक्र हैं ‘वंडर बॉय’ सौरभ चौधरी

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नई दिल्ली
तोक्यो ओलिंपिक 2020 में इस बार भारत को उम्मीदें ज्यादा हैं। इस बार भारत की झोली में हर बार की अपेक्षा ज्यादा मेडल आ सकते हैं। भारतीय एथलीट में इसके लिए दिन-रात एक कर रहे हैं। खिलाड़ी किसी भी तरह का प्रेशर लिए बिना अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन देने के लिए कमर कस चुके हैं। ओलिंपिंक का आगाज 23 जुलाई से हो जाएगा। भारत को शूटिंग में मेडल की ढेरों उम्मीदें हैं। उस उम्मीद का कारण हैं वंडर बॉय सौरभ चौधरी।

टेंशन फ्री होकर खेलना चाहते हैं सौरभसौरभ चौधरी के कंधों पर अरबों उम्मीदें सवार हैं, लेकिन निशानेबाज खुद बेफिक्र नजर आ रहे हैं। वह बेपरवाह होकर कहने के आदी हैं.. “दबाव, वो क्या होता है सर?” मौजूदा एशियाई खेलों के चैंपियन ने ओलिंपिक मेडल की तलाश में उम्मीदों के बोझ तले दबने से इनकार कर दिया। 24 जुलाई को पुरुषों की 10 मीटर एयर पिस्टल योग्यता और पदक राउंड टोक्यो असाका शूटिंग रेंज में खेले जाएंगे। सौरभ चीजों को सरल रखना पसंद करते हैं और शायद यह उनके शांत व्यवहार में बहुत काम आता है। सौरभ कहते हैं, “मैं वहां जाने शूटिंग करने और अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने में विश्वास करता हूं। अपने आपको शांत रखना और ध्यान केंद्रित करना महत्वपूर्ण है। मैंने हमेशा इस सिद्धांत का पालन किया है।’

नेचुरल गेम खेलते हैं सौरभसौरभ का खेल रोमांचकारी है और वह अक्सर अपने करीब-करीब स्कोर से आपको हंसा सकता है। एक बार जब वह गुस्से को अपने भीतर फैला लेता है और चरम मोड पर पहुंच जाता है तो मेरठ के कलिना गांव का 19 वर्षीय सौरभ अजेय हो सकता है। सौरभ ने कहा कि जब से मैंने पदक जीतना शुरू किया है तब से मेरे लिए कुछ भी नहीं बदला है। मैं उसी प्रशिक्षण और प्रतियोगिता की दिनचर्या का पालन कर रहा हूं और आगे भी करता रहूंगा।”

सौरभ से उम्मीदेंसौरभ अपने साथी अभिषेक वर्मा के साथ शीर्ष पदक की संभावनाओं के साथ प्रतियोगिता में प्रवेश करेंगे। जकार्ता में अपने शानदार प्रदर्शन के बाद सौरभ के निजी पदक युवा ओलंपिक खेलों (स्वर्ण, 2018 ब्यूनस आयर्स), विश्व कप (स्वर्ण, 2019 नई दिल्ली और म्यूनिख, 2021 नई दिल्ली में रजत और 2019 रियो डी जनेरियो में कांस्य) और विश्व कप फाइनल (रजत, 2019 ) हासिल किए हैं। सौरभ चौधरी ने जून 2021 में ओसिजेक में आयोजित आईएसएसएफ विश्व कप में बेहतरीन प्रदर्शन किया था। सबसे पहले वह पुरुषों के 10 मीटर एयर पिस्टल इवेंट में कांस्य पदक जीतने में सफल रहे।

सौरभ का ऐसा रहा सफरपिछले महीने सौरभ ने क्रोएशिया में ओसिजेक विश्व कप में भाग लिया था और अपने आयोजन में व्यक्तिगत कांस्य पदक जीता था। उसी WC में उन्होंने मिश्रित टीम स्पर्धा में मनु भाकर के साथ रजत पदक हासिल किया था। सौरभ का क्वालीफिकेशन स्कोर पूरे समय एक जैसा रहा है, जिसमें युवा खिलाड़ी ने ज्यादातर मौकों पर 580+ का स्कोर बनाया है। घर पर इस साल के विश्व कप में, उन्होंने 587 के प्रभावशाली स्कोर के साथ आठ सदस्यीय फाइनल के लिए क्वालीफाई किया था, जबकि ओसिजेक मीट में उन्होंने 581 रन बनाए थे।



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